अनलॉक-4, अब लॉकडाउन नहीं लगा सकते राज्य- केन्द्र

रिर्पोट- आर सी ढौड़ियाल

अनलॉक-4: कंटेनमेंट जोन के बाहर लॉकडाउन नहीं लगा सकेंगे राज्य,अब लेनी होगी केंद्र की इजाजत अनलॉक-4 का एक खास दिशानिर्देश ये है कि कंटेनमेंट जोन के बाहर लॉकडाउन करने की पॉवर अब राज्यों को नहीं होगी.

अनलॉक-4 का एक महत्वपूर्ण दिशानिर्देश ये है कि कंटेनमेंट जोन के बाहर लॉकडाउन करने की पॉवर राज्यों को नहीं होगी. एक राज्य में कंटेनमेंट जोन कहां-कहां हैं, इसकी जानकारी हर जिले की वेबसाइट पर राज्य या केंद्र शासित प्रदेशों के लिए अब जरूरी कर दी गयी है कंटेनमेंट जोन की जानकारी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश स्वास्थ्य मंत्रालय को भी देंगे.

1 सितंबर से लागू होंगे अनलॉक-4 के प्रावधान लॉकडाउन लागू करने के अधिकार में बदलाव स्थानीय बंदी लागू नहीं कर सकते हैं कोई भी राज्य इसके लिए केन्द्र की इजाजत लेना जरूरी कर दिया गया है इससे पहले राज्य अपनी सहूलियतों के हिसाब से अपने राज्य में लॉक डाउन लागू कर रहे थे लेकिन अब इसके लिए केन्द्र की सहमति जरूरी कर दी गई है

अनलॉक-4 की गाइडलाइंस जारी हो गई हैं. ये गाइडलाइंस 1 सितंबर से लागू होंगी और अब लॉकडाउन के कुछ खास नियमों को खत्म कर दिया गया है . केंद्र सरकार लॉकडाउन को चरणबद्ध तरीके से खोलने की प्रक्रिया में है. अनलॉक-4 का एक महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश यह है कि कंटेनमेंट जोन के बाहर लॉकडाउन करने का अधिकार अब राज्यों के पास नहीं होगा. राज्य किसी भी हालत में स्थानीय स्तर पर कंटेनमेंट जोन के बाहर  लॉकडाउन को लागू नहीं कर सकेंगे.

हालांकि कंटेनमेंट जोन के अंदर लॉकडाउन के प्रावधानों का सख्ती से पालन कराया जाएगा और यहां सिर्फ आवश्यक गतिविधियों की ही इजाजत होगी.

एक राज्य में कंटेनमेंट जोन कहां-कहां हैं, इसकी जानकारी हर जिले की वेबसाइट पर राज्य या केंद्र शासित प्रदेश देंगे. कंटेनमेंट जोन की जानकारी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश स्वास्थ्य मंत्रालय को भी देंगे, ताकि जरूरत पड़ने पर वहां मेडिकल सेवाएं भेजी जा सकें और उस इलाके की निगरानी की जा सके.

गृह मंत्रालय ने कहा है कि राज्य कंटेनमेंट जोन के बाहर के इलाकों में केंद्र की अनुमति के बिना अपनी स्थानीय बंदी लागू नहीं कर सकते.

7 सितंबर से शुरू होंगी मेट्रो सेवाएं

गृह मंत्रालय के दिशा-निर्देश के मुताबिक, सात सितंबर से मेट्रो सेवाएं चरणबद्ध तरीके से खुल सकेंगी. आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय / रेल मंत्रालय ने केंद्रीय गृह मंत्रालय के साथ विचार विर्मश के बाद मेट्रो रेल को सात सितंबर से क्रमबद्ध तरीके से संचालित करने की अनुमति दी गई है.

साथ ही केंद्र ने इस बात को भी दोहराया है कि लोगों की एक राज्य से दूसरे राज्य या एक ही राज्य के अंदर आवाजाही पर ना तो कोई रोक होगी और ना किसी तरह की इजाजत की जरूरत होगी. यह इसलिए अहम है क्योंकि केंद्र सरकार के कहने के बावजूद कुछ राज्यों ने अपने यहां आवागमन पर शर्तों के साथ पाबंदी लगाई हुई थी.

शर्तों के साथ राजनीतिक दलों को दी गई है रैलियों की इजाजत

केंद्र ने राजनीतिक कार्यों और अन्य सभाओं के लिए 21 सितंबर 2020 से 100 व्यक्तियों को शामिल होने की अनुमति दे दी है. बिहार चुनाव को देखते हुए इसका खासा महत्व माना जा रहा है. हालांकि, इस तरह के कार्यक्रमों में फेस मास्क पहनना, सामाजिक दूरी, थर्मल स्कैनिंग और हाथ धोने के लिए सैनिटाइजर का प्रावधान जरूरी किया गया है.

Author: admin

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